जिस लेखक ने आज़ादी की लड़ाई भी लड़ी और मराठी साहित्य भी बदल दिया… लेकिन इतिहास ने भुला दिया
भारत के स्वतंत्रता संग्राम का इतिहास केवल तलवार उठाने वाले वीरों की कहानी नहीं है। इस इतिहास में ऐसे भी योद्धा हुए जिन्होंने बंदूक नहीं, बल्कि अपनी कलम को हथियार बनाया। जिनके शब्दों ने समाज…










